इस परिस्थिति में, यासमीन अलग-अलग तरीकों से सोच सकती है। पढ़िए यासमीन किन दो अलग-अलग तरीकों से सोच सकती है।
यासमीन की सोच 1
आजकल यासमीन मुश्किल से कुछ खा पाती है; वह रोज़ रात को यह सोचकर रोती है कि वह अब कभी स्कूल नहीं जा पाएगी। वह बस यही सोचती है कि उसे अब जीवन भर दूसरों के घरों में बर्तन धोने पड़ेंगे, झाड़ू-पोंछा लगाना पड़ेगा और खाना बनाना पड़ेगा। वह अपने पिता के बारे में सोचती है, जिन्हें उस पर बहुत गर्व था। वे हमेशा उसकी वार्षिक रिपोर्ट अपने दोस्तों को दिखाने के लिए फैक्ट्री ले जाते थे। लेकिन वे अब उसके साथ नहीं हैं। इसलिए वह अपनेआप को अकेला और हारा हुआ महसूस करती है। वह जानती है कि उसके परिवार को उसकी मदद की ज़रूरत है, परंतु अपने सपने को भूल जाना उसके लिए बहुत कठिन है।
यासमीन की सोच 2
यासमीन अपने भविष्य और जिस प्रकार सब कुछ बदल गया है, उस बारे में बहुत चिंतित है। उसको अपने पिता की बहुत याद आती है। उसे याद आता है कि उन्हें उस पर कितना गर्व था। वे किस प्रकार उसकी वार्षिक रिपोर्ट अपने दोस्तों को दिखाने के लिए फैक्ट्री ले जाते थे। कैसे वे उसे बड़े सपने देखाने के लिए प्रोत्साहित करते थे। वे उसे कभी भी पढ़ाई बंद नहीं करने देते। वह जानती है कि उसके परिवार को उसकी मदद की ज़रूरत है, परंतु अपने सपनों की कीमत पर नहीं। अत: उसने कोई रास्ता निकालने के बारे में सोचा।
इस परिस्थिति में, यासमीन अलग-अलग तरीकों से सोच सकती है। पढ़िए यासमीन किन दो अलग-अलग तरीकों से सोच सकती है।
यासमीन की सोच 1
आजकल यासमीन मुश्किल से कुछ खा पाती है; वह रोज़ रात को यह सोचकर रोती है कि वह अब कभी स्कूल नहीं जा पाएगी। वह बस यही सोचती है कि उसे अब जीवन भर दूसरों के घरों में बर्तन धोने पड़ेंगे, झाड़ू-पोंछा लगाना पड़ेगा और खाना बनाना पड़ेगा। वह अपने पिता के बारे में सोचती है, जिन्हें उस पर बहुत गर्व था। वे हमेशा उसकी वार्षिक रिपोर्ट अपने दोस्तों को दिखाने के लिए फैक्ट्री ले जाते थे। लेकिन वे अब उसके साथ नहीं हैं। इसलिए वह अपनेआप को अकेला और हारा हुआ महसूस करती है। वह जानती है कि उसके परिवार को उसकी मदद की ज़रूरत है, परंतु अपने सपने को भूल जाना उसके लिए बहुत कठिन है।
यासमीन की सोच 2
यासमीन अपने भविष्य और जिस प्रकार सब कुछ बदल गया है, उस बारे में बहुत चिंतित है। उसको अपने पिता की बहुत याद आती है। उसे याद आता है कि उन्हें उस पर कितना गर्व था। वे किस प्रकार उसकी वार्षिक रिपोर्ट अपने दोस्तों को दिखाने के लिए फैक्ट्री ले जाते थे। कैसे वे उसे बड़े सपने देखाने के लिए प्रोत्साहित करते थे। वे उसे कभी भी पढ़ाई बंद नहीं करने देते। वह जानती है कि उसके परिवार को उसकी मदद की ज़रूरत है, परंतु अपने सपनों की कीमत पर नहीं। अत: उसने कोई रास्ता निकालने के बारे में सोचा।